लंबे समय तक मास्क लगाने से हो सकता है इस बीमारी का खतरा, ये लक्षण दिखें तो तुरंत कराएं जांच

अगर आप भी कोरोना वायरस से बचाव को लेकर मास्क का कई घंटे तक इस्तेमाल कर रहे हैं तो यह खबर आपके लिए है। लगातार कई घंटों तक मास्क पहनने से लोगों को सांस, हृदय संबंधी और अन्य तमाम दिक्कतें हो रही हैं।
मेडिकल साइंस की भाषा में इस बीमारी को हाइपरकेपनिया कहा जाता है। राजकीय दून मेडिकल अस्पताल के फिजिशियन डॉ. कुमार जी. कौल का कहना है कि मास्क पहनना गलत नहीं है, लेकिन लगातार कई घंटों और एक्सरसाइज करते समय मास्क पहनना सेहत के लिए खतरनाक साबित हो रहा है।
दून के क्वारंटीन सेंटरों में इस तरह के मामले सामने आ रहे हैं। मास्क पहनने की वजह से इंसान द्वारा छोड़ी गई कार्बन डाईऑक्साइड दोबारा मुंह और नाक के जरिये फेफड़ों में पहुंच जाती है। जिसकी वजह से इस तरह की तमाम दिक्कतें होती हैं।
क्वारंटीन सेंटरों में ज्यादा आ रहे मामले
इस कारण ही लंबे समय तक मास्क लगाने से शरीर में कई तरह की परेशानी महसूस होती है। इससे सबसे ज्यादा सिर भारी होने, जी मिचलाने जैसी शिकायतें होने लगती हैं। डॉ. कौल ने बताया कि जिले के क्वारंटीन सेंटरों में इस तरह के कई मामले सामने आ रहे हैं।
उन लोगों को मास्क का सही इस्तेमाल करने और बहुत जरूरी होने पर ही मास्क लगाने की सलाह दी जा रही है। आम आदमी से भी यह अपील है कि भीड़भाड़ में जाने से बचें और घर में होने पर सामान्य स्थिति में मास्क का इस्तेमाल न करें। बाहर निकलने पर ही मास्क का इस्तेमाल करें।
ये होते हैं हाइपरकेपनिया के लक्षण
- आंखों में धुंधलापन आना या कम दिखना।
- चक्कर आना।
- सिरदर्द और सिर भारी होना।
- सांस लेने में दिक्कत होना।
- ब्लड प्रेशर और हृदय गति का बढ़ना।
- पसीना आना।
- बेहोश होना।
ऐसे करें बचाव
- जब घर में अकेले हों तो मास्क न पहनें ।
- मास्क तभी पहनें जब कहीं बाहर जा रहे हों या किसी के क्लोज कांटेक्ट में आ रहे हों।
- मास्क पहनकर जॉगिंग या एक्सरसाइज न करें।

रायपुर छत्तीसगढ़
रायपुर : छत्तीसगढ़ में ग्रामीण अर्थव्यवस्था का बूस्टर बनी गोधन न्याय योजना…ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार और आय के अवसर बढ़ी

छत्तीसगढ़ सरकार की गोधन न्याय योजना आज पूरे देश में सुर्खियां बटोर रही है, पशुपालकों, किसानों और ग्रामीणों के लिए शुरू की गई इस योजना का उद्देश्य ग्रामीण अर्थव्यवस्था को गति प्रदान करना और स्थानीय स्तर पर रोजगार प्रबंधन को बढ़ावा देना है ताकि गांवों में आर्थिक तंत्र को मजबूत किया जा सके और ग्रामीणों को आत्मनिर्भर। इस योजना में सरकार पशुपालकों से 2 रूपए प्रति किलो की दर से गोबर खरीद रही है, जिसमें प्रदेश के 75.38 लाख क्विंटल गोबर की खरीदी कर गोबर विक्रेताओं को 150.75 करोड़ रुपए का भुगतान डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर के माध्यम से हितग्राहियों के खातों में भेजा गया है। गोधन न्याय योजना से ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार और आय के अवसर बढ़े हैं, यही कारण है कि स्थानीय रोजगार बढ़ने से शहर की ओर पलायन कम हुआ है। इस योजना ने हजारों परिवारों की आर्थिक स्थिति मजबूत बनाई है।
खरीदी किए गोबर से गौठानों में संचालित स्व-सहायता समूह की महिलाएं कंपोस्ट, वर्मी कंपोस्ट, सुपर कंपोस्ट, गोबर से गुलाल, जिसे दीया, गमला इत्यादि चीजों का निर्माण करती हैं। गौरतलब है कि स्व-सहायता समूह के सखी क्लस्टर संगठन अंजोरा राजनांदगांव और कुमकुम महिला ग्राम संगठन सांकरा दुर्ग की महिलाओं ने द्वारा तैयार किए गए 23 हजार 279 किलो हर्बल गुलालों को यूरोप एक्सपोर्ट किया गया। गोधन न्याय योजना प्राकृतिक खाद के प्रयोग से रसायनमुक्त खेती को बढ़ावा देने की दिशा में छत्तीसगढ़ सरकार का एक महत्वपूर्ण कदम है। गोबर की खरीदी से ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के अवसर और आयमूलक गतिविधियों को बढ़ावा मिला है, इसी के साथ गोबर से नवाचारी गतिविधियां भी की जा रही हैं जिनमें गोबर से प्राकृतिक पेंट और बिजली निर्माण जैसे काम हो रहे हैं। इस योजना से ग्रामीण और शहरी इलाकों में गौपालकों और ग्रामीणों को आमदनी का अतिरिक्त जरिया मिला है।

गोधन न्याय योजना के अंतर्गत खरीद गोबर से वर्मी कम्पोस्ट उत्पादन और उपयोग की एक नई परिपाटी की शुरुआत हुई है, जिससे प्रदेश में खाद संकट दूर हो रहे हैं। गौठान समितियों और महिला स्व-सहायता समूहों को 143.19 करोड़ रूपए की राशि लाभांश के रूप में दी जा चुकी है, महिला समूहों ने अब तक 20 लाख क्विंटल से अधिक कम्पोस्ट उत्पादन किया है। गौठानों में महिला समूहों द्वारा मसाले, फूड्स, पैकेजिंग, साबुन, फिनाइल, हाइजीन प्रोडक्ट्स, सेनेटरी नैपकिन इत्यादि वस्तुओं का उत्पादन करते हैं।
इस दिशा में कई नवाचार को भी प्रोत्साहन मिल रहा है, जिसका परिणाम गोबर से बनी बिजली एवं प्राकृतिक पेंट है। गौरतलब है कि राज्य में गौठानों से 12,013 महिला स्व-सहायता समूह से 82,725 महिलाएं जुड़ी हैं, जो प्रदेश की अर्थव्यवस्था और उन्नति में महिलाओं की बराबर भागीदारी सुनिश्चित करता है। राज्य सरकार द्वारा बिजली बिल हॉफ योजना का विस्तार करते हुए इसमें नरवा, गरुवा, घुरुवा, बारी योजना के तहत स्थापित किए जा रहे गौठानों एवं ग्रामीण औद्योगिक पार्क को भी शामिल करने का निर्णय लिया गया है। बिजली बिल हाफ योजना का विस्तार करते हुए नरवा, गरुवा, घुरुवा, बारी योजना के तहत स्थापित किए जा रहे गौठानों एवं ग्रामीण औद्योगिक पार्क में बिजली बिल में 50 प्रतिशत की छूट देने का निर्णय भी लिया गया है।

गौठानों में कई नवाचारी पहल को बढ़ावा दिया जा रहा है, इस दिशा में तेजी से कदम आगे बढ़ रहे हैं। गोबर से विद्युत उत्पादन की शुरुआत भी की जा चुकी है, गोबर से प्राकृतिक पेंट बनाने के लिए कुमारप्पा नेशनल पेपर इंस्टिट्यूट जयपुर, सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग मंत्रालय भारत सरकार के खादी एवं ग्रामोद्योग बोर्ड एवं छत्तीसगढ़ गौ सेवा आयोग के मध्य एमओयू के तहत् राज्य के 75 चयनित गौठान में गोबर से पेंट निर्माण की यूनिटें स्थापित की जा रही है, रायपुर के समीप हीरापुर-जरवाय में गोबर से प्राकृतिक पेंट का उत्पादन सह विक्रय शुरू हो चुका है।छत्तीसगढ़ सरकार की पहल पर गौठानों में दाल मिलों एवं तेल मिलों की स्थापना की जा रही है। पहले चरण में 197 गौठानों में दाल मिल और 161 गौठानों में तेल मिल की स्थापना की प्रक्रिया जारी है। इसके साथ ही गौठानो में प्रसंस्करण, पैकेजिंग की सुविधा में भी क्षेत्रीय विशेषता के आधार पर विस्तार किया जा रहा है। गोधन न्याय योजना आज ग्रामीणों, किसानों और पशुपालकों के लिए आमदनी का एक मजबूत जरिया बन गई है।
व्यापर
किसानों के लिए खुशखबरी,सरकार दे रहा इस योजना में 100 % सब्सिडी,जानें योजना और जल्द उठाये लाभ

ड्रोन योजना का लाभ उठाने से पहले देख लें देश का टॉप कृषि ड्रोन, जानें खरीद पर कीतनी मिलेगी सरकार की ओर से सब्सिडी…भारत की अर्थव्यवस्था मुख्य रूप से कृषि पर आधारित है. अधिकांश ग्रामीण परिवारों के लिए, कृषि उनकी आय का प्राथमिक स्रोत बनी हुई है. कृषि उत्पाद जो भारत के निर्यात का एक बड़ा हिस्सा है, देश की अर्थव्यवस्था में भी महत्वपूर्ण योगदान देता है. भारत में कृषि के क्षेत्र में तकनीक विकास को बढ़ावा देने के लिए सरकार कृषि ड्रोन योजना चला रही है, जिसकी खरीद पर किसानों को सब्सिडी भी दी जा रही है. यदि आप भी इस योजना से वंचित हैं और इसका लाभ उठाना चाहते हैं तो जानें कौन से कृषि ड्रोन है जो आपके लिए बेहतरीन साबित होंगे.
ड्रोन पर मिलने वाली सब्सिडी
सरकार कृषि ड्रोन की खरीद पर अनुसूचित जाति-जनजाति, लघु और सीमांत, महिलाओं एवं पूर्वोत्तर राज्यों के किसानों को ड्रोन लागत की 50 प्रतिशत या अधिकतम 5 लाख रुपए की सहायता राशि दे रही है. अन्य किसानों को 40 प्रतिशत अथवा अधिकतम 4 लाख रु. की सहायता राशि के तौर पर दी जा रही है. तो वहीं कृषि मशीनरी प्रशिक्षण और परीक्षण संस्थानों, आईसीएआर (ICAR) संस्थानों, कृषि विज्ञान केंद्रों और राज्य कृषि विश्वविद्यालयों को ड्रोन की खरीद पर 100 प्रतिशत सब्सिडी देने का ऐलान सरकार पहले ही कर चुकी है.मोड 2 कार्बन फाइबर कृषि ड्रोन इस कृषि ड्रोन के मॉडल का नाम केसीआई हेक्साकॉप्टर है, इसमें 10 लीटर तक तरल पदार्थ (जैसे किटनाशक) का भार उठाने की क्षमता है. इसमें एनालॉग कैमरे की तकनीक है, भारत में इसकी कीमत 3.6 लाख रूपए है.S550 स्पीकर ड्रोन इसकी क्षमता 10 लिटर कृषि छिड़काव करने की है, इसकी कीमत 4.5 लाख रूपये है।
इस पर जीपीएस आधारित प्रणाली है तथा ग्राउंड कंट्रोल स्टेशन है, इसकी वॉटर प्रूफ बॉडी होने की वजह से इसे बारिश में भी चलाया जा सकता है और इसका सेंसर बाधा आने से पहले ही अलर्ट कर देता है.केटी-डॉन ड्रोन दिखने में काफी बड़ा है, जिसमें 10 लीटर से लेकर 100 लीटर तक भार झेलने की क्षमता है, इसमें क्लाउड इंटेलिजेंट मैनेजमेंट है, जिसे मैप प्लानिंग फंक्शन और हैंडहेल्ड स्टेशन के साथ डिजाइन किया गया है. इसकी मदद से स्टेशन द्वारा कई ड्रोन को नियंत्रित किया जा सकता है. बाजार में इसकी कीमत 3 लाख रूपए से शुरू है.आईजी ड्रोन एग्री के छिड़काव की क्षमता 5 लीटर से 20 लीटर तक है।
इसकी कीमत 4 लाख रूपए है. इसके लचीलेपन की वजह से यह तेज गति में घूमने और नियत स्थानों पर पैंतरेबाज़ी करता है. ड्रोन की यह क्षमता फसलों को पोषित करने और उन्हें आवश्यक पोषक तत्व प्रदान करने के लिए उर्वरकों और कीटनाशकों का छिड़काव करने में मदद मिलती है.उद्योग के बढ़ते महत्व में अब कृषि तकनीक विकास भी आगे बढ़ रहा है. ड्रोन की मदद से किसानों को काफी सहायता मिलेगी और सरकार की तरफ से दी जा रही सब्सिडी से किसानों को इन ड्रोनों की खरीद पर बेहद ही कम कीमत अदा करनी होगी।
मनोरंजन
अभिनेत्री सोनम कपूर की बेबी सवार पार्टी में मचेगा धमाल, बॉलीवुड के कई सितारे आयंगे नज़र
सोनम कपूर अपनी प्रेग्नेंसी पीरियड को एंजॉय कर रही हैं। दावा है कि अभिनेत्री की गोद भराई रस्म को ग्रैंड पार्टी की तरह आयोजित किया जाएगा। इस पार्टी में बॉलीवुड सेलेब्स भी नजर आएंगे।
सोनम कपूर इन दिनों अपनी प्रेग्नेंसी पीरियड को एंजॉय कर रही हैं। वह लगातार सोशल मीडिया पर अपना बेबी बंप प्लॉन्ट करते हुए तस्वीरें शेयर करती रहती हैं। दावा है कि अभिनेत्री का तीसरा ट्राइमेस्टर चल रहा है और ऐसे में अब अभिनेत्री की बेबी शावर (गोद भराई) की पार्टी फिर से चर्चा में आ गई है। कुछ समय पहले ही अभिनेत्री करीबी लोगों के साथ अपनी गोद भराई रस्म को एंजॉय करती हुई दिखी थीं। वहीं, अब दावा है कि सोनम की बेबी शावर एक बार फिर आयोजित होने वाली है और यह पार्टी काफी ग्रैंड होगी। इस पार्टी में बॉलीवुड के कई सेलेब्स नजर आएंगे।
दरअसल, सोनम कपूर इन दिनों अपने पति आनंद आहूजा के साथ लंदन में हैं और वहीं पर अभिनेत्री की गोद भराई की रस्म को पूरा किया था। लेकिन अब दावा किया जा रहा है कि मुंबई में सोनम की गोद भराई रस्म को फिर से मनाया जाएगा और इस रस्म को एक बड़े इवेंट की तरह अयोजित किया जाएगा। रिपोर्ट के मुताबिक, यह ग्रैंड पार्टी 17 जुलाई को मुंबई में आयोजित होगी। इस दौरान बॉलीवुड के कई बड़े सितारे सोनम को दुआएं देते हुए दिखाई देंगे।
ये सेलेब्स होंगे इनवाइट
सोनम कपूर बॉलीवुड की लोकप्रिय अभिनेत्री हैं और उनके पिता अनिल कपूर भी इस इंडस्ट्री की चहेते अभिनेताओं में से एक हैं, ऐसे में इस पार्टी में वह सभी सेलेब्स शामिल होंगे, जो इस परिवार से अच्छे रिश्ते रखते हैं। दावा है कि इस पार्टी में करीना कपूर, करिश्मा कपूर, अमृता अरोड़ा, मलाइका अरोड़ा, स्वरा भास्कर, जैकलीना फर्नांडीज, नताशा दलाल, आलिया भट्ट, रानी मुखर्जी, जान्हवी कपूर, शनाया कपूर, अंशुला कपूर जैसे कई सेलेब्स नजर आएंगे।
-
Tech & Auto6 days agoMINI PORTABLE WASHING MACHINE: मार्केट में उतारते ही तेजी से बिक रही ये मिनी पोर्टेबल वाशिग मशीन, जाने क्या है इसकी कीमत…
-
Tech & Auto4 days agoMINI PORTABLE WASHING MACHINE: मार्केट में उतारते ही तेजी से बिक रही ये मिनी पोर्टेबल वाशिग मशीन, जाने क्या है इसकी कीमत…
-
व्यापर6 days agoएचडीएफसी का इंतजार खत्म ! होने जा रहा है विलय,जानें अब कस्टमर्स पर क्या पड़ेगा असर
-
Tech & Auto6 days agoTVS ने लॉन्च किया यह जबरदस्त बाइक, जिसे देखे आप रह जायेंगे हैरान, देखे क्या है इसकी कीमत और बेहतरीन फीचर्स…
-
Tech & Auto2 days agoMINI PORTABLE WASHING MACHINE: मार्केट में उतारते ही तेजी से बिक रही ये मिनी पोर्टेबल वाशिग मशीन, जाने क्या है इसकी कीमत…
-
जॉब4 days agoनवोदय विद्यालय समिति में निकली बंपर भर्ती, मिलेगी 2 लाख तक सैलरी, उम्मीदवार जल्द करे आवेदन…
-
जॉब3 days agoआंगनबाड़ी में निकली 53,000 पदों पर भर्तियां, नोटिफिकेशन जारी ,जानें आवेदन तिथि और शैक्षणिक योग्यता
-
देश6 days agoकेंद्रीय कर्मचारियों के लिए खुशखबरी : जल्द मिलने वाली है तीन-तीन खुशखबरी,पढ़िये पूरी खबर
-
जॉब2 days agoDRDO में आई विभिन्न पदों पर भर्ती,मिलेगा बंफर सैलरी
-
व्यापर4 days agoएचडीएफसी का इंतजार खत्म ! होने जा रहा है विलय,जानें अब कस्टमर्स पर क्या पड़ेगा असर
































You must be logged in to post a comment Login